गर्मी से बेहाल हिमाचल वासियों के लिए राहत भरी खबर यह है कि आज देर रात से बादलों का डेरा जमना शुरू हो जाएगा। हिमाचल में आज मौसम का मिजाज बदलने के पीछे एक ताजा पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, 11 मार्च से मौसम पूरी तरह करवट ले लेगा। इस दौरान चंबा, कांगड़ा, कुल्लू, मंडी और शिमला जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना है। विभाग ने इन क्षेत्रों के लिए येलो अलर्ट जारी करते हुए ओलावृष्टि और 40 से 50 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की भी आशंका जताई है। यह बदलाव किसानों और बागवानों के लिए मिश्रित परिणाम लेकर आ सकता है।
शिमला और कुल्लू के ऊपरी इलाकों सहित चंबा के दुर्गम क्षेत्रों में भी मौसम का कड़ा इम्तिहान होने वाला है। 11 से 15 मार्च के बीच हिमाचल में आज मौसम का मिजाज ठंडा होना शुरू होगा और मध्य व उच्च पर्वतीय क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बर्फबारी देखने को मिल सकती है। किन्नौर तथा लाहौल-स्पीति जिलों में तेज हवाओं के साथ बर्फबारी की चेतावनी दी गई है। शिमला, लाहौल-स्पीति और कुल्लू की ऊंची चोटियों पर बर्फ की सफेद चादर बिछ सकती है। 13 और 14 मार्च को भी बारिश का सिलसिला जारी रहने का अनुमान है, जिससे तापमान में भारी गिरावट दर्ज की जाएगी और लोगों को दोबारा स्वेटर निकालने पड़ सकते हैं।
मौसम विभाग के अनुसार, इस बार पश्चिमी विक्षोभ का असर केवल पहाड़ों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि मैदानी इलाकों में भी हल्की बारिश होने की संभावना है। हालांकि, बर्फबारी का अधिक प्रभाव उच्च पर्वतीय क्षेत्रों में ही रहेगा। 15 मार्च तक हिमाचल में आज मौसम का मिजाज अस्थिर बना रहेगा। पर्यटन स्थलों पर आने वाले सैलानियों को भी सलाह दी गई है कि वे बर्फबारी और ओलावृष्टि की संभावना को देखते हुए ऊंचे क्षेत्रों की ओर रुख करते समय सावधानी बरतें। मैदानी जिलों में हल्की बारिश से धूल और प्रदूषण से राहत मिलने की उम्मीद है, जिससे गर्मी का प्रकोप कम होगा और फिजाओं में ठंडक वापस लौटेगी।